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lyrics song on van (forest)

वन 
सुन्दर प्यारे ,वन हे 
उसमे डोले, मन रे 
यहाँ कितनी, हरियाली हे 
यहाँ कितनी, खुशहाली हे 
यहाँ कितने, वन्यप्राणी हे 
पक्षियों की, सुन्दर वाणी हे 
वन ही, सबसे बडा धन हे 
सुन्दर प्यारे, वन हे
 उसमे डोले, मन रे 
वन मे कितना, अमन हे 
ये तो  लगता, वृंदावन हे 
ऋषियों का ये तो, तपोवन हे 
वन तो प्रकृति का, संतुलन हे
वन तो, सभी जीवों का जीवन हे 
सुन्दर प्यारे वन हे 
 उसमे डोले मन रे 
कुदरत का ये, सुन्दर आँगन हे 
जिव-जन्तुओं का, ये भोजन हे 
वन मे कितना, सूनापन हे 
वन तो ईश्वर का,भोलापन हे 
वन मे, सभी जिव-जन्तुओं का गठन हे 
सुन्दर प्यारे, वन हे 
उसमे डोले, मन रे 
यहाँ बहता पानी, खन-खन हे
यहाँ चलती  हवा, सन-सन रे 
में गुजारु यहाँ पर,  जीवन रे 
वन मे ही तो, मेरा मन हे 
यहाँ विचरण करते, हिरन रे 
सुन्दर प्यारे, वन हे 
उसमे डोले, मन रे  

प्रदीप कछावा 
7000561914
                                                                    prkrtm36@gmail.com



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pleaes must read and comments on it , thanks

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lyrics on kachhawa family kachhawa pariwar par gaana ya geet

कछावा परिवार  सुन्दर प्यारा, कछावा परिवार हमारा  सबसे न्यारा,  कछावा परिवार हमारा       एक-दूसरे से लड़ते हे, हम सब   दिल से प्यार करते हे, हम सब   कछावा परिवार नहीं, कभी किसी से हारा  ये हे जीनगर समाज की ,आँखों का तारा  यहाँ दारू के साथ-साथ, बहतीं हे प्रेम की धारा  सुन्दर प्यारा, कछावा परिवार हमारा   सबसे न्यारा,  कछावा परिवार हमारा    कछावा परिवार में हे, एक से एक धुरंधर  हो जाती चहल-पहल, ये जाते हे उस घर  सात भाईयों का हे, ये परिवार  दिल से जुड़ा हे, एक दूसरे का तार  कछावा परिवार से, हर कोई हारा  सुन्दर प्यारा, कछावा परिवार हमारा  सबसे न्यारा,  कछावा परिवार हमारा  दो बहनें और सात हे भाई  पार्वती देवी हे, इनकी माई  कछावा  परिवार में हे, बहुत सारे बच्चे  सभी प्यारे-प्यारे और दिल के हे सच्चे  कछावा  परिवार का, एक ही नारा  सुन्दर प्यारा,  कछावा   परिवार हमारा  बहुत दिनों बाद कही,  कछावा   परिवार मिलता हे  फिर वहा तो, पूरा मोहल्ला हिलता हे  इसमें हे, एक से बढ़कर एक हीरो  ये बना देते हे, अच्छे -अच्छे को जीरो

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